
जयपुर। सामाजिक न्याय एवं अधिकारिता विभाग, श्रम एवं कौशल विभाग और पुलिस विभाग (Police Department) मिलकर भिक्षावृत्ति (Beggary-Free) मुक्त जयपुर के लिए 7 सितम्बर से ‘रेस्क्यू अभियान’ चलाएंगे। सामाजिक न्याय एवं अधिकारिता विभाग (Social Justice & Empowerment Department) के निदेशक ओ.पी.बुनकर की अध्यक्षता में मंगलवार को निदेशालय में हुई विभिन्न विभागों की बैठक में यह निर्णय किया गया।
बुनकर ने बताया कि भिक्षावृत्ति मुक्त जयपुर (Beggary-Free Jaipur) अभियान का समन्वय सामाजिक न्याय एवं अधिकारिता विभाग के स्तर पर किया जाएगा। अभियान का उद्देश्य जयपुर शहर से भिक्षावृत्ति का उन्मूलन एवं भिखारियों का पुनर्वास करना है।
बुनकर ने बताया कि इसके लिए शहर के विभिन्न स्थानों से पुलिस कमिश्नरेट (Police Commissionerate) द्वारा चिह्वित चार स्थानों पर भिखारियों को ले जाया जाएगा। उनके रहने, खाने एवं पुनर्वास का दायित्व सामाजिक न्याय एवं अधिकारिता विभाग का होगा। पुनर्वास हेतु श्रम विभाग (Labour Department) कौशल विकास एवं आजीविका विकास निगम के माध्यम से रोजगारोन्मुखी प्रशिक्षण की व्यवस्था करेगा। जिन भिखारियों के स्वास्थ्य के देखरेख की आवश्यकता होगी उनका उपचार प्रबंधन चिकित्सा विभाग (Medical Department) के स्तर पर होगा।
सामाजिक न्याय विभाग द्वारा, ऎसे बच्चे जो भिक्षावृत्ति (Beggary-Free) में लिप्त हैं उनको विभाग के बालिका गृह व बाल गृह में भेजा जाएगा। इसी प्रकार 60 वर्ष से अधिक आयु के भिक्षावृत्ति में लिप्त भिखारियों को ओल्ड एज होम (Old Age Home) में भेजा जाएगा।
बैठक में विभिन्न विभागों के वरिष्ठ अधिकारियों के अतिरिक्त ,स्वंयसेवी संस्थाओं के प्रतिनिधि भी उपस्थित थे।